सहरसा, फरवरी 10 -- सोनवर्षा राज, एक संवाददाता। प्रखंड क्षेत्र के मंगवार अस्पताल परिसर में आयोजित पांच दिवसीय अखिल भारतीय मानस महायज्ञ के तीसरे दिन रविवार को श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। इस अवसर पर प्रवचनकर्ता अच्युतानंदन पाठक जी महाराज ने रामचरितमानस के सुंदरकांड पर विस्तार से प्रवचन करते हुए इसके धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व को बताया। भजन-कीर्तन के बीच उन्होंने कहा कि सुंदरकांड का नियमित पाठ जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। यदि प्रतिदिन पाठ संभव न हो तो शनिवार और मंगलवार को अवश्य सुंदरकांड का पाठ करना चाहिए। सुंदरकांड न केवल आध्यात्मिक, बल्कि मानसिक और भावनात्मक शक्ति भी प्रदान करता है। यज्ञ में देश के विभिन्न हिस्सों से आए मानसाचार्यों द्वारा प्रवचन दिए जा रहे हैं। आयोजकों ने बताया कि यज्ञ 6 फरवरी से 10 फरवरी...
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