अररिया, अप्रैल 17 -- फारबिसगंज, निज संवाददाता। भारत-नेपाल की खुली सीमा पर दशकों से कायम 'बेटी-रोटी' के मजबूत सामाजिक संबंध अब नेपाल सरकार की नई भंसार (कस्टम) नीति के कारण चिंता के घेरे में हैं। सौ रूपये से अधिक की खरीदारी पर भंसार शुल्क के प्रावधान ने न केवल नेपाल के मधेश क्षेत्र की बहू-बेटियों को आक्रोशित कर दिया है, बल्कि भारतीय सीमावर्ती इलाकों की महिलाएं भी इसे लेकर गहरी चिंता जता रही हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित जोगबनी बाजार पूरी तरह सीमा पार नेपाल के ग्राहकों पर निर्भर करता है। यहां के लोगों का दैनिक जीवन, खरीदारी, रिश्तेदारी और सामाजिक मेलजोल सीमा के दोनों ओर सहज रूप से चलता रहा है। यह भी पढ़ें- सुपौल : भारत-नेपाल सीमा पर सख्ती, 100 रुपये से अधिक के सामान पर भंसार अनिवार्य ऐसे में इस नए नियम ने व्यापारियों के साथ-साथ आम परिवार...