अररिया, जनवरी 1 -- फारबिसगंज,निज संवाददाता। वर्ष 2025 भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र के लिए कई मायनों में ऐतिहासिक बनकर दर्ज हुआ। यह साल सिर्फ कैलेंडर का पन्ना नहीं रहा, बल्कि विकास, कनेक्टिविटी और भरोसे का वह सफरनामा बना, जिसने सीमांचल की तस्वीर बदल दी। खासकर रेल परिचालन के क्षेत्र में 2025 को हमेशा सुनहरे अक्षरों में याद किया जाएगा। खास कर फारबिसगंज और जोगबनी रेलवे को लेकर सदैव याद किया जाएगा। यह साल सिर्फ नई ट्रेनों का नहीं, बल्कि नए सपनों, मजबूत रिश्तों और तेज़ होते विकास का साल रहा। खासकर रेल परिचालन के क्षेत्र में 2025 ने सीमांचल को वह पहचान दी, जिसकी वर्षों से प्रतीक्षा थी। इस वर्ष आधुनिक वंदे भारत एक्सप्रेस का आगमन सीमांचल के लिए गर्व का विषय बना। इस ट्रेन ने न सिर्फ यात्रा समय घटाया, बल्कि क्षेत्र को देश के बड़े शहरों से तेज़ और सुव...