नई दिल्ली, अप्रैल 21 -- 22 किलोमीटर का हिस्सा पूरी तरह भूमिगत होगाअरविंद सिंहनई दिल्ली। भारत ने पूर्वोत्तर की जीवन रेखा कहे जाने वाले सिलीगुड़ी रेल कॉरिडोर को अभेद्य किला बनाने की तैयारी पूरी कर ली है। देश में पहली बार एक ऐसी रेल परियोजना को धरातल पर उतारा जा रहा है, जहां ट्रेनें न केवल सतह पर दौड़ेंगी बल्कि जमीन के 24 मीटर नीचे सुरंगों में भी फर्राटा भरेंगी। यह महज एक रेल प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि दुश्मन के बंकर-बस्टर बमों को मात देने वाला एक ऐसा रक्षा कवच है, जो युद्ध जैसी आपात समय में भी पूर्वोत्तर भारत से देश का संपर्क कभी टूटने नहीं देगा।रेलवे यह भी पढ़ें- टाटानगर में रेलवे युद्ध स्तर पर बना रहा नया पार्किंग बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सिलीगुड़ी रेल कॉरिडोर टनल का अध्ययन पूरा हो गया है। पड़ोसी खतरे को ध्यान में रखते हुए यह भूम...
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