इटावा औरैया, अप्रैल 4 -- इटावा, संवाददाता। जिले के लोगों का स्वास्थ्य सिर्फ 74 डॉक्टर के भरोसे है। संयुक्त जिला अस्पताल से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तक विशेषज्ञ डॉक्टरों की भारी कमी चल रही है।अगर वॉक इन इंटरव्यू और संविदा पर डॉक्टरों की तैनाती न की जाए तो लोगों को अच्छा इलाज भी मिलना मुश्किल हो जाए।जिला अस्पताल विशेषज्ञ डॉक्टर के न होने से सिर्फ रेफरल सेंटर बंद कर रह गया है। अस्पतालों में जहां मरीजों की संख्या में दिनों दिन बढ़ोतरी हो रही है वहीं संसाधन भी बढ़ाये जा रहे हैं लेकिन डॉक्टरों की तैनाती नहीं हो पा रही है यही कारण है कि आज भी लोग सैफई मेडिकल कॉलेज के अलावा बाहर के अस्पतालों में अच्छा इलाज कराने को मजबूर हो रहे हैं।आपके अपने अखबार हिन्दुस्तान ने शुक्रवार को जब पड़ताल की तो उसमें स्वास्थ्य सेवाओं की हकीकत का सच सामने निकल कर...