सिर्फ सीनियर होने से जज बनने का हक नहीं मिलता, कॉलेजियम के फैसले पर SC की दो टूक
नई दिल्ली, जून 23 -- सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को एक अहम व्यवस्था देते हुए साफ कर दिया है कि हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम द्वारा संवैधानिक अदालतों के जजों के चयन की प्रक्रिया न्यायिक समीक्षा के दायरे से पूरी तरह बाहर है। इसके साथ ही शीर्ष अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि यह चयन प्रक्रिया सूचना के अधिकार (RTI) अधिनियम के तहत भी नहीं आती है।क्या था पूरा मामला? जस्टिस बी.वी. नागरत्ना और जस्टिस जोयमाल्या बागची की बेंच ने हिमाचल प्रदेश के सीनियर ज्यूडिशियल ऑफिसर अरविंद मल्होत्रा की एक रिट याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया। मल्होत्रा का आरोप था कि हाईकोर्ट कॉलेजियम ने सुप्रीम कोर्ट के उस आदेश का पालन नहीं किया, जिसमें हाईकोर्ट के जज के रूप में उनकी पदोन्नति के लिए उनकी उम्मीदवारी पर विचार करने को कहा गया था। इस पर बेंच ने दो टूक कहा, "हम ...
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