नई दिल्ली, अप्रैल 9 -- गिरीश चंद्र गुरुरानी,वरिष्ठ पत्रकार हिमालयी राज्यों में कभी हिमाचल प्रदेश को आदर्श माना जाता था, मगर आज सिक्किम पर्वतीय प्रदेशों के लिए ही नहीं, देश के बाकी राज्यों के लिए भी एक मॉडल बन चुका है। आबादी के लिहाज से देश का सबसे छोटा राज्य सिक्किम विकास की होड़ में सबसे आगे कैसे निकल गया? प्रतिव्यक्ति आय के लिहाज से इसके शिखर पर पहुंचने की कहानी संघर्षपूर्ण और सीखने लायक है। भौगोलिक कठिनाइयों के कारण कश्मीर से अरुणाचल तक सुदूर गांवों में विकास का उजाला पहुंचाना पहाड़ी राज्यों के सामने एक बड़ी चुनौती होती है। समतल भूमि का अभाव, खड़े पहाड़ों पर भूस्खलन व पर्यावरणीय प्रभाव और निर्माण, उद्योग, परिवहन पर अत्यधिक लागत के चलते विकास योजनाओं को जमीन पर उतारना कठिन एवं महंगा होता है। ज्यादातर पर्वतीय राज्य आज भी दुर्गम भूगोल का ...