रांची, फरवरी 1 -- रांची/ओरमांझी (हिटी)। केंद्रीय बजट में किसानों के हित की बात तो हुई है, लेकिन व्यवहारिक तौर पर खेती के लिए बुनियादी सुविधा देने का प्रावधान नहीं किया गया। इससे सीमांत किसान निराश हुए हैं। सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे किसानों को मिले, इस पर भी पहल नहीं हुई। हालांकि पशुपालन क्षेत्र में उद्यमशीलता विकास से रोजगार दिलाने के ऐलान का स्वागत हुआ है। इस बजट से कुछ किसान खुश हैं तो कुछ ने इसे काम चलाऊ बताया। ओरमांझी के पशुपालक परमेश्वर साहू बोले, किसान और पशुपालकों के लिए बजट में कुछ विशेष नहीं हुआ है। पशुपालन के लिए सबसे जरूरी देसी व विलुप्त प्रजाति के गोवंश के संरक्षण-संवर्द्धन और टीकाकरण की आवश्यकता है। इसके लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं किया गया है। गाय के बच्चों के संग्रह के लिए सरकार पुख्ता व्यवस्था करे। वहीं, ओरमांझी के ही क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.