बलिया, मई 31 -- बलिया, संवाददाता। स्वास्थ्य विभाग की ओर से संचालित दर्जनों टीककरण और स्वास्थ्य जागरुकता कार्यक्रमों और अभियानों में करोड़ों रुपए खर्च करने के बावजूद जनपद में 53 बच्चे आज भी किसी प्रकार के टीकाकरण से वंचित रह गए हैं। इसका खुलासा ग्लोबल एलायंस फार वैक्सीन एंड इम्यूनाइजेशन (गावी) संस्था की ओर से कराए गए सर्वे में हुआ है। ऐसे क्षेत्रों को चिन्हित कर स्वास्थ्य विभाग जागरुकता अभियान चलाकर बच्चों को पांच रोगों से बचाने के लिए पेंटावेलेन्ट वैक्सीन का डोज लगा रहे है।

टीके की खुराक बच्चों को काली खांसी, कुकुर खांसी, टिटनेस, निमोनिया और इंफ्लूएंजा-बी जैसी जानलेवा बीमारियों से बचाव के लिए टीके की तीन खुराक बच्चे की जांच में लगाई जाती है। पहली खुराक डेढ़ महीने, दूसरी ढाई महीने और तीसरी खुराक साढ़े तीन महीने की उम्र में लगाई जाती है। अ...