धनबाद, अक्टूबर 6 -- अपराध का तरीका बदला तो जांच का तरीका भी बदलना होगा। इसी मकसद से सोमवार को समाहरणालय स्थित पुलिस सभागार में पुलिस अधिकारियों के लिए विधि विज्ञान एवं डिजिटल फॉरेंसिक्स पर विशेष प्रशिक्षण के चौथे सत्र का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण में मोबाइल फॉरेंसिक और डिजिटल साक्ष्यों के वैज्ञानिक उपयोग पर फोकस रहा। अध्यक्षता ग्रामीण एसपी एस मोहम्मद याकूब ने की। ग्रामीण एसपी ने कहा कि आज हर अपराध में डिजिटल साक्ष्य की भूमिका बढ़ गई है, ऐसे में पुलिस को तकनीकी रूप से दक्ष होना जरूरी है। प्रशिक्षक सुयश भारती ने बताया कि आज मोबाइल फोन ही सबसे बड़ा डिजिटल सुराग बन गया है। यह भी पढ़ें- Hapur News: अपराध पर कड़ा प्रहार: यश एप अब डिजिटल लाउडस्पीकर की तरह करेगा काम मोबाइल में मौजूद डेटा को सही तरीके से पहचानना, सुरक्षित रखना और वैज्ञानिक प्रक्रि...