सराईकेला, मार्च 3 -- सरायकेला । झारखंड की सांस्कृतिक नगरी सरायकेला में सोमवार को रंगों का त्योहार होली पर ओड़िशा के पुरी की तर्ज पर पारंपरिक दोल यात्रा का आयोजन किया गया। नगर के कंसारी टोला स्थित प्राचीन मृत्युंजय खास श्री राधा कृष्ण मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना के बाद भगवान विष्णु और राधा रानी की कांस्य प्रतिमाओं को एक सुसज्जित पालकी में विराजमान किया गया। परंपरा के अनुसार, भगवान की यह शाही पालकी मंदिर से निकलकर नगर भ्रमण पर निकली। इस दौरान 'दोले तू दोल गोविंदम' के जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। पालकी के साथ चल रहे श्रद्धालुओं ने भगवान पर अबीर-गुलाल अर्पित किया और फिर एक-दूसरे को रंग लगाकर उत्सव मनाया। मान्यता है कि इस दिन भगवान स्वयं अपने भक्तों के द्वार तक पहुंचते हैं और उनके साथ होली खेलते हैं। ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और परंपरा : सरा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.