जामताड़ा, जनवरी 4 -- जामताड़ा प्रतिनिधि। सरस्वती पूजा की तैयारी के लिए मूर्तियों (प्रतिमाओं) का निर्माण कार्य जोर-शोर से शुरू हो गया है। जिसमें मूर्तिकार मिट्टी, रंग और अन्य सामग्री से विभिन्न डिज़ाइनों की मूर्तियाँ बना रहे हैं।खासकर पर्यावरण-अनुकूल मिट्टी की मूर्तियों को प्राथमिकता दी जा रही है, और यह काम कई महीनों पहले से ही शुरू हो जाता है ताकि बसंत पंचमी तक सभी ऑर्डर पूरे किए जा सकें और यह कारीगरों के लिए आय का एक प्रमुख साधन है। मूर्ति निर्माण का काम आमतौर पर बसंत पंचमी से डेढ़ महीने पहले शुरू हो जाता है, ताकि समय पर मूर्तियाँ तैयार हो सकें। मूर्तिकार मिट्टी, रंग, सांचे और अन्य ज़रूरी सामान का उपयोग कर रहे है। मूर्तिकार राजेश पाल ने बताया कि छोटे से लेकर बड़े आकार की, हंस, वीणा, कमल, शंख जैसे अलग-अलग आसनों पर विराजमान माँ सरस्वती की प...