प्रयागराज, जुलाई 4 -- प्रयागराज, संवाददाता। राजकीय शिक्षक संघ उत्तर प्रदेश ने सरप्लस नीति के तहत किए गए शिक्षकों के स्थानांतरण को नियमविरुद्ध बताते हुए अपर मुख्य सचिव माध्यमिक शिक्षा को ज्ञापन सौंपा है। संघ का आरोप है कि स्वीकृत पद और पर्याप्त छात्र संख्या होने के बावजूद शिक्षकों को सरप्लस घोषित कर स्थानांतरित किया गया है।ज्ञापन में कहा गया कि कई विद्यालयों में संबंधित विषय के पद और छात्र संख्या नहीं होने के बावजूद शिक्षकों की तैनाती की गई है। संघ ने राजकीय इंटर कॉलेज प्रयागराज सहित कई उदाहरण देते हुए स्थानांतरण प्रक्रिया की खामियां गिनाईं। प्रांतीय अध्यक्ष सत्यशंकर मिश्रा और संरक्षक रामेश्वर पांडेय ने 20 जून 2026 के स्थानांतरण आदेश निरस्त करने की मांग की।

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