रांची, मई 4 -- रांची, हिन्दुस्तान ब्यूरो। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और झारखंड के राज्यपाल को पत्र लिखकर जनगणना-2027 में आदिवासी, सरना धर्म को अलग पहचान के रूप में धर्म कोड में शामिल करने की मांग की है। उन्होंने पत्र में लिखा कि झारखंड की पहचान समृद्ध आदिवासी सभ्यता, संस्कृति और प्रकृति पूजक परंपरा से है। यहां के आदिवासी समाज की धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक जीवनशैली का मूल आधार प्रकृति पूजा, जल, जंगल और जमीन है, जिसकी पहचान सरना धर्म के रूप में है। यह केवल एक आस्था नहीं, बल्कि सदियों से चली आ रही जीवन पद्धति है। यह भी पढ़ें- जनगणना में 'सरना धर्म कोड' शामिल करें, सीएम हेमंत सोरेन ने राष्ट्रपति को लिखा पत्र उन्होंने कहा कि आजादी के बाद लंबे समय तक अलग झारखंड राज्य के आंदोलन का मूल ...