बक्सर, दिसम्बर 12 -- बक्सर, हिन्दुस्तान संवाददाता। सदर अस्पताल सरकार की अनदेखी का शिकार है। डॉक्टरों की कमी और आवश्यक आधारभूत संरचनाओं का अभाव है। ये बातें पूर्व विधायक मुन्ना तिवारी ने कही। उन्होंने बताया कि जिले के सबसे बड़े अस्पताल में एनीस्थीसिया के सिर्फ एक डॉक्टर हैं। दो डॉक्टरों की मांग राज्य सरकार से लगातार की गई। बावजूद कुछ नहीं हुआ। अस्पताल में डॉक्टरों और कर्मियों की कमी है। दवाएं नहीं हैं। मरीजों के लिए आवश्यक सुविधाओं का टोटा है। तिवारी ने कहा कि जितनी बड़ी आबादी इस अस्पताल पर निर्भर है, उसके मुतल्लिक व्यवस्था नहीं है। इसकी मार गरीब-गुरबा लोग भुगत रहे हैं।
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