फतेहपुर, जून 3 -- फतेहपुर। सरकारी सहकारी समितियां बंद होने के कारण किसानों को खाद के लिए निजी दुकानदारों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। खरीफ फसलों और धान की नर्सरी तैयार करने में जुटे किसानों की मजबूरी का फायदा उठाकर निजी दुकानदार खुलेआम यूरिया और डीएपी खाद तय दामों से महंगे रेट पर बेच रहे हैं। हद तो यह है कि सरकारी रेट Rs.266.50 की यूरिया बोरी के लिए Rs.500 से Rs.700 तक वसूले जा रहे हैं और इसके साथ जिंक व सल्फर जैसी दूसरी दवाइयां भी जबरन थमाई जा रही हैं। यह भी पढ़ें- समितियों में ताला, खुली दुकानों में लूट रहा किसानखुले बाजार में खाद की मांग दूसरा कोई विकल्प न होने के कारण अन्नदाता खुले बाजार में इस महंगाई और मनमानी का शिकार होने को मजबूर है। इन दिनों किसान खरीफ सीजन की तैयारियों में जुटे हैं। कहीं धान की नर्सरी डालने की तैयारी चल रही है तो...