सहारनपुर, अगस्त 1 -- देवबंद। प्राचीन सिद्धपीठ श्री मन्केश्वर महादेव मंदिर में आयोजित श्री शिव महापुराण कथा में कथाव्यास मनोज शास्त्री ने मां पार्वती के तप, त्याग और अटूट संकल्प का वर्णन किया। इस दौरान उन्होंने मां पार्वती स्त्री शक्ति, समर्पण और अडिग विश्वास का सर्वोच्च प्रतीक बताया। कथाव्यास ने बताया कि पर्वतराज हिमालय और रानी मैना के घर आदिशक्ति ने पार्वती के रूप में अवतार लिया था। बचपन से ही उनका मन भगवान शिव की भक्ति में रमा रहता था। कहा कि देवर्षि नारद ने भविष्यवाणी की थी कि भगवान शिव ही उनके पति बनेंगे। शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए मां पार्वती ने हिमालय की गुफाओं और गंगा तट पर कठोर तपस्या की। यह भी पढ़ें- Saharanpur News: श्री शिवमहापुराण कथा में माता सती और दक्ष यज्ञ के मार्मिक प्रसंगों का किया भावपूर्ण वर्णन भगवान शिव ने...