समग्र विकास के लिए विज्ञान और मानवीय मूल्यों में संतुलन जरूरी
प्रयागराज, सितम्बर 19 -- प्रयागराज। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के गांधी विचार एवं बौद्ध शांति अध्ययन केंद्र में शुक्रवार को प्रो. जेएस माथुर व्याख्यानमाला के तहत 'समग्र विकास की भारतीय अवधारणा और विज्ञान की भूमिका' विषय पर व्याख्यान हुआ। मुख्य वक्ता विज्ञान भारती, नई दिल्ली के राष्ट्रीय संगठन मंत्री डॉ. शिव कुमार ने कहा कि विकास केवल किसी एक क्षेत्र की प्रगति नहीं है, बल्कि इसमें समग्रता जरूरी है। उन्होंने कहा कि भारतीय परंपरा में विकास को व्यक्ति, समाज, प्रकृति और पूरी सृष्टि के संतुलन से जोड़कर देखा गया है। विज्ञान और तकनीक का उपयोग केवल भौतिक प्रगति तक सीमित न रहकर मानव कल्याण, पर्यावरण संरक्षण, शांति और सतत विकास के लिए होना चाहिए। उन्होंने कहा कि व्यष्टि से समष्टि की यात्रा ही समग्र विकास है। अध्यक्षता करते हुए अधिष्ठाता विद्यार्थी कल्या...
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