लखनऊ, मार्च 22 -- गोमती नगर के विभव खंड में पहुंचे विख्यात संत श्रीहरि कृपा पीठाधीश्वर स्वामी हरि चैतन्य पुरी महाराज ने कहा कि आज पूरे विश्व में संभावित युद्ध की आशंका में चारों ओर भय, आशंका और असुरक्षा की भावना बनी है। ऐसे में हम सबको सभी प्रकार के मतभेदों, संकीर्णताओं को त्याग कर आपसी प्रेम, सद्भाव, एकता व सौहार्द को बढ़ावा देना चाहिए। विभिन्न देशों की अपना-अपना वर्चस्व स्थापित करने की अत्यधिक महत्वाकांक्षा ने मानव और समाज के हित को तिलांजलि दे दी है। नैतिकता, मानवता व राष्ट्रीयता का निरंतर हो रहा ह्रास चिंता का विषय है। स्वामी हरि चैतन्य पुरी महाराज ने आगे कहा कि आज धर्म के अनुष्ठान बढ़ते हुए नजर आ रहे हैं, लेकिन धर्म का आचरण अपेक्षाकृत उतना नहीं बढ़ा है। कथा, प्रवचन, यज्ञ, तीर्थयात्रा, पूजा पाठ आदि धर्म के अनुष्ठान हैं, जबकि धर्म मात्...
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