हाजीपुर, मई 18 -- हाजीपुर। सं.सू. श्री गजेन्द्र मोक्ष देवस्थानम् में चल रहे श्रीमद्भागवत सप्ताह ज्ञानयज्ञ के द्वितीय दिवस पर कथा क्रम को आगे बढ़ाते हुए समस्त श्रद्धालुओं को सम्बोधित करते हुए स्वामी लक्ष्मणाचार्य जी ने कहा कि पानी मथने से कभी मक्खन नहीं निकलता, लेकिन कलयुग में हो सकता है मक्खन निकल जाए।। बालू मथने से कभी तेल नहीं निकलता, लेकिन सम्भव है तेल निकल जाए।। लेकिन जीव को बिना ईश्वर के शरण में गये बिना शरणागति के मुक्ति संभव नहीं है। जब तक जीवात्मा के पास संसारिक बल है। जैसे मकान बल, दुकान बल, खेत बल, खलिहान बल, स्वजन बल, सम्बन्धी बल, कुटुंब बल, इन बलों से वह बलवान बन सकता है, लेकिन आपत्ति विपत्ति में वह बल काम आने वाला नहीं है। अतः सर्वतोभावेन सब कुछ भगवान को समर्पित करने वाला ही भगवान का सर्वप्रिय भक्त होता है। उसे ही मोक्ष मिलता...