सप्त ऋषियों के पूजन से मिलता है अक्षय पुण्य लाभ
गंगापार, अगस्त 28 -- श्रृंगवेरपुर धाम स्थित आश्रम में शुक्रवार को जगद्गुरु नारायणाचार्य स्वामी शाडिल्य के सानिध्य में सप्त ऋषि पूजन एवं यज्ञोपवीत पूजन विधि-विधान से संपन्न हुआ। इस अवसर पर संत-महात्मा, आचार्य और बटुक मौजूद रहे। पूजन के बाद भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। जगद्गुरु स्वामी शाडिल्य ने कहा कि भाद्रपद शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को सप्त ऋषि अर्थात ऋषि पंचमी का पूजन किया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस दिन सप्त ऋषियों के पूजन से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है। इस अवसर पर कश्यप, अत्रि, भारद्वाज, विश्वामित्र, गौतम, जमदग्नि और वशिष्ठ ऋषि के साथ माता अरुंधति का विधि-विधान से पूजन किया गया। यह भी पढ़ें- चम्पावत में की गई यज्ञोपवित की प्रतिष्ठा उन्होंने बताया कि पूजन से पूर्व संतों, महात्माओं और ब...
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