लखीसराय, अप्रैल 19 -- लखीसराय, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। सदर अस्पताल में भर्ती मरीज की नियमित जांच नहीं होने से मरीज व उनके परिजन को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। चिकित्सक द्वारा प्रारंभिक परामर्श के बाद मरीज को विभिन्न वार्ड में भर्ती तो कर दिया जाता है, लेकिन उसके बाद नियमित रूप से उनकी जांच और फॉलोअप नहीं हो पा रहा है। इससे मरीज के समुचित इलाज पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। नियमानुसार किसी भी मरीज को भर्ती करने के बाद ऑन ड्यूटी चिकित्सक द्वारा नियमित अंतराल पर उसकी जांच करना आवश्यक होता है। ताकि बीमारी की स्थिति के अनुसार दवा और इलाज में बदलाव किया जा सके। यह भी पढ़ें- सभी अस्पतालों में चिकित्सकों के 8 घंटे के रोस्टर का हो पालन लेकिन वर्तमान स्थिति में कई वार्ड में भर्ती मरीज का समय पर जांच नहीं हो रहा है। इमरजेंसी वार्ड में ऑन...