एटा, अप्रैल 6 -- बस्ती रोड पर चल रही श्रीमद भागवत कथा के तीसरे दिन सोमवार को पंडित रविनन्दन मिश्रा ने सती की कथा का वर्णन बड़े ही मार्मिक ढंग से सुनाया। सती की कथा भगवान शिव और माता सती के दिव्य प्रेम अटूट शक्ति और आत्म बलिदान की गाथा है। राजा दक्ष की पुत्री सती ने पिता की इच्छा के विरुद्ध शिव से विवाह किया। दक्ष द्वारा शिव का अपमान करने तथा यज्ञ में न बुलाने पर क्रोधित सती ने यज्ञ कुंड में शरीर त्याग दिया। सती के वियोग में शिव ने विनाशकारी तांडव किया तथा उनके शरीर को लेकर भ्रमण करने लगे। भगवान विष्णु ने सुदर्शन चक्र से सती के शरीर को काटा। जो पृथ्वी के 51 स्थान पर गिरा वह स्थान शक्तिपीठ के रूप में पवित्र माना जाता है। सती ने अगले जन्म में पार्वती के रूप में हिमालय घर जन्म लिया। पुन भगवान शिव की पत्नी बनी। श्रीमद भागवत कथा में मुकेश गुप्ता...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.