रांची, अप्रैल 22 -- रांची, विशेष संवाददाता। विधायक सरयू राय ने कहा है कि सत्ता के शीर्ष पर बैठे लोगों की कार्य संस्कृति आज सवालों के घेरे में है। धरती और पर्यावरण संरक्षण के बारे में आज आम आदमी से ज्यादा सत्ता के शीर्ष पर बैठे लोगों, मेधावी मस्तिष्क के स्वामियों और नौकरशाहों को जागरूक करने की जरूरत है। आम आदमी तो स्वयं भुक्तभोगी है। पुरानी विधानसभा के सभागृह में बुधवार को युगांतर भारती और नेचर फाउंडेशन की ओर से पृथ्वी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में सरयू राय ने कहा कि आज सस्टेनेबल डेवलपमेंट (स्थायी/सतत विकास) के स्थान पर शाश्वत डेवलपमेंट को अपनाने की जरूरत है। यह भी पढ़ें- योगदा सत्संग कॉलेज में विश्व पृथ्वी दिवस पर संगोष्ठी देश के विद्वान मान रहे हैं कि हम लोग औद्योगिक क्रांति के चौथे चरण में हैं जो आर्टिफिशयल इंटेलिजेंस का युग है। इसके तहत...