गिरडीह, मई 28 -- गिरिडीह। शहर के श्याम मंदिर में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन बुधवार को श्री नरेंद्राचार्य जी महाराज ने कहा कि जो भक्त भगवान से सच्चे मन से प्रेम करते हैं। भगवान को जिस रुप में देखना चाहते हैं। भगवान उसी रुप में अवतरित होते हैं। प्रभु का एकमात्र उद्देश्य भक्तों को परमानंद प्राप्त करना है। श्री नरेंद्राचार्य जी महाराज ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण मामा के जेल खाने में जन्म लेते हैं। जेल खाने में देवकी के गर्भ से जन्मे श्री कृष्ण बासुदेव के सिर पर बैठकर गोकुल जाते हैं। उन्होंने कहा कि श्रीराम कथा से कृष्ण कथा विपरीत है। यह भी पढ़ें- भागवत कथा श्रवण से भक्तों के हृदय में बस जाते हैं प्रभु दूसरे दिन की कथा सुनने श्याम मंदिर काफी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हुए थे। संगीतमयी कथा सुन श्रद्धालु भाव विभोर नजर आ रहे थे। बता दें ...