सच्चा मित्र केवल परमपुरुष व धर्म ही हैं : पुरोधा प्रमुख
बोकारो, मई 25 -- बोकारो, प्रतिनिधि। आनंदनगर में तीन दिनों से चल रहे धर्म महासम्मेलन का समापन रविवार को हुआ। तीन दिवसीय धर्ममहासम्मेलन देश-विदेश के हजारों मार्गियों ने इसमे हिस्सा लेकर आध्यात्मिक लाभ उठाया। प्रातःकालीन सत्र में हजारों साधकों को संबोधित करते हुए आनन्द मार्ग प्रचारक संघ के पुरोधा प्रमुख आचार्य विश्वदेवानन्द अवधूत ने कहा कि संसार के अधिकांश संबंध समय और परिस्थितियों पर आधारित होते हैं, जबकि वास्तविक अर्थों में मनुष्य का सच्चा बन्धु, सुहृद और सखा केवल परमपुरुष तथा धर्म हैं।
सच्चे बंधुत्व का महत्व उन्होंने शास्त्र के प्रसिद्ध सूत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि बन्धु वह है जो वियोग सहन न कर सके, सुहृद वह जो सदा अनुकूल रहे, मित्र वह जो समान कार्य में सहभागी हो तथा सखा वह जिसके प्राण अपने प्राणों के समान हों। उन्होंने कहा कि संसार म...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.