लखनऊ, अप्रैल 26 -- लखनऊ, प्रमुख संवाददाता। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत नामांकन को लेकर सरकार की सख्ती अब सीधे नतीजों में बदलती दिखाई दे रही है। अपर मुख्य सचिव, बेसिक व माध्यमिक शिक्षा पार्थ सारथी सेन शर्मा के कड़े निर्देश और स्पष्ट चेतावनी के बाद महज चार दिनों में ही पूरे प्रशासनिक तंत्र की रफ्तार बदल गई है और नामांकन प्रक्रिया ने तेज गति पकड़ ली है।आरटीई के तहत आवंटित सीटों पर दाखिला दिलाने को लेकर शासन से स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि कोई भी पात्र बच्चा प्रवेश से वंचित नहीं रहना चाहिए और जहां भी लापरवाही मिलेगी, वहां सीधे कार्रवाई की जाएगी। यह भी पढ़ें- झुग्गी-झोपड़ियों के बच्चों का स्कूलों में दाखिला कराने को एक मई से विशेष अभियान इसी सख्ती का असर अब जमीनी स्तर पर स्पष्ट दिखाई दे रहा है। गरीब और वंचित बच्चों के लिए कुल 1,95,7...
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