मधेपुरा, अप्रैल 13 -- चौसा, निज संवाददाता।अरजपुर के यमुनिया टोला में संतमत सत्संग के अधिवेशन का समापन किया गया। संतमत सत्संग अधिवेशन के अंतिम दिन महर्षि मेंही धाम केंद्रीय आश्रम मनियारपुर के प्रधानाचार्य ब्रह्म ऋषि स्वामी चतुरानंद जी महाराज ने कहा कि इस धरती पर गुजर वसर करने वाले हर लोगों को यह माया रूपी संसार छोड़कर एक न एक दिन जाना ही पड़ेगा। इसलिए प्रत्येक मानव को परम पिता परमात्मा की आराधना करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज के परिवेश में भक्ति भजन का स्तर काफी पीछे होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि भारत देश संत महा पुरूषों का देश माना गया है। इसलिए भारत को विश्व गुरू भी बनाया गया है। स्वामी प्रेमानंद जी महाराज ने कहा कि प्रत्येक मनुष्य को ध्यान देना चाहिए कि मानव जीवन में श्रेष्ठता, संपन्नता, प्रसिद्धि, कीर्ति तब तक है, जब तक उसके अंदर चेतना...
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