नई दिल्ली, जून 18 -- BJP in Lok Sabha: ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना गुट में टूट के बाद लोकसभा में भाजपा की स्थिति लगातार बेहतर होती जा रही है। इन सियासी घटनाओं ने विपक्ष को तो जोरदार झटका दिया है, साथ ही राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के भीतर भी सत्ता के संतुलन को बदलना शुरू कर दिया है। इन सियासी घटनाओं का महत्व भाजपा की गठबंधन को अपने हिसाब से चलाने की रणनीति को लेकर भी है। साल 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा महज 240 सीटों पर सिमट गई थी। उस समय एनडीए में शामिल तेलुगु देशम पार्टी (TDP) और जनता दल यूनाइटेड (JDU) की वजह से सरकार बनने में कोई कठिनाई नहीं हुई। इनके समर्थन ने मोदी सरकार की सत्ता में वापसी कराई। 2024 के नतीजों के बाद राजनीतिक गलियारों में 'मोदी सरकार' शब्द की जगह 'एनडीए सरकार' न...