नई दिल्ली, अक्टूबर 23 -- पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे ने कहा कि गलवान झड़प ने स्पष्ट रूप से दिखा दिया है कि चीन के लिए सीमा विवाद का सैन्य समाधान अब विकल्प नहीं है। पुणे में आईटी और बैंकिंग क्षेत्र के पेशेवरों के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ये बात कही। उन्होंने कहा कि सीमाओं में बदलाव के लिए एकतरफा बल प्रयोग स्वीकार नहीं किया जाएगा। पूर्व सेना प्रमुख नरवणे ने कहा कि गलवान झड़प के बाद भारत ने अपनी स्थिति को मजबूत बनाए रखा। उन्होंने कहा कि इन घटनाक्रमों से लंबे समय से चले आ रहे सीमा विवाद को बातचीत और संवाद के जरिए सुलझाने के प्रयासों को गति मिली है। नरवणे ने कहा कि हमने स्पष्ट रूप से दिखा दिया है कि सीमाओं में बदलाव के लिए एकतरफा बल प्रयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सीमा और सीमा-रेखा के...