गुमला, फरवरी 22 -- गुमला संवाददाता। गुमला स्थित संत पात्रिक चर्च में फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के तहत एमडीए- 2026 कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन फादर जोरम एक्का के नेतृत्व में किया गया। जिसमें लगभग स्थानीय नागरिकों और श्रद्धालुओं को फाइलेरिया से बचाव के लिए दवा का सेवन कराया गया। मौके पर स्वास्थ्य विभाग व पिरामल फाउंडेशन की टीम ने उपस्थित लोगों को एमडीए दवा के महत्व, फाइलेरिया संक्रमण के कारण, लक्षण तथा बचाव व रोकथाम के उपायों की जानकारी दी। उन्होने कि फाइलेरिया एक परजीवी जनित रोग है। जो संक्रमित मच्छरों के माध्यम से फैलता है। सामूहिक दवा सेवन इस बीमारी को समाप्त करने का सबसे प्रभावी तरीका है।स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि दवा सेवन के बाद कुछ लोगों में हल्का बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द, चक्कर या उल्टी जैसे सामान्य लक्षण हो स...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.