नई दिल्ली, जुलाई 13 -- सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को अर्जी दाखिल कर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सार्वजनिक प्राधिकार घोषित करने और इसे सूचना के अधिकार अधिनियम के दायरे में लाने की मांग की है। शीर्ष अदालत में दाखिल अर्जी में अयोध्या के राम मंदिर की संपत्तियों पर मालिकाना हक के बारे में भी स्पष्टीकरण जारी करने का आग्रह किया है। अधिवक्ता अनूप प्रकाश अवस्थी ने अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के 2019 के फैसले में यह अर्जी दाखिल की है। इसमें उन्होंने 2019 में शीर्ष अदालत द्वारा 9 नवंबर 2019 को 'एम. सिद्दीक (मृत) उनके कानूनी उत्तराधिकारियों के माध्यम से बनाम महंत सुरेश दास व अन्य' मामले जो कि अयोध्या फैसले के नाम से जाने जाते हैं, में जारी निर्देशों के सही मकसद और अर्थ के बारे में स्पष्टीकरण की मांग की है। ये निर्देश श्री राम जन्मभूमि ...