झांसी, जनवरी 4 -- झांसी। ग्वालियर रोड सिविल लाइन स्थित श्री कुंजबिहारी मंदिर में समस्त आचार्यों की स्मृति में चल रही श्रीमद भागवत कथा के चतुर्थ दिवस का प्रसंग सुनाते हुए कथा व्यास बुंदेलखण्ड धर्माचार्य राधामोहन दास महाराज ने कहा कि जन्म तो जीव का होता है परमात्मा का नहीं। परमात्मा तो अजन्मा हैं उनका वास तो कण कण में। उनका तो प्राक्ट्य होता है। भगवान के जन्म की कथा का प्रसंग सुन श्रोता जमकर झूमे जिससे पूरा वातावरण धर्ममय हो गया। व्यासपीठ से बज रही बधाईयों के बीच नौनिहालों को टाफियां, बिस्कुट एवं खिलौने तथा मेवा, मिष्ठान्न एवं लड्डू के रुप में बधाईयां बांटकर श्रद्धालुओं की झोलियां भर दी। कथा व्यास ने ''नंद घर आनंद भयौ जै कन्हैया लाल की। हाथी दीन्हें, घोडा दीन्हें और दीन्हीं पालकी।''मधुर भजन गाये जिनकी धुनें सुन श्रोता भक्ति रस में सराबोर हो...
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