आगरा, जनवरी 25 -- अखिल भारतीय श्री राम नाम जागरण मंच के तत्वावधान एवं श्रीराम परिवार मित्र मंडली के संयोजन में चल रही श्रीराम कथा के सातवें दिन संत ने भरत मिलाप का वृतांत सुनाया। इससे पूर्व सुबह कथा स्थल पर पर्यावरण सुरक्षा के लिए यज्ञ में आहुतियां दी गई। कथा विश्राम के बाद आरती उतारी गई। इसके बाद अन्न क्षेत्र में पहुंचकर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भोजन प्रसादी ग्रहण किया। व्यासपीठ से संत कथा वाचक रमेश भाई शुक्ल ने श्रीराम-भरत मिलाप रामायण का सबसे भावुक प्रसंग सुनाया। उन्होंने कहा कि श्री राम के वनवास और दशरथजी के मरण के बाद भरत अयोध्या लौटते हैं। जब भरत को प्रभु श्री राम के वनगमन की जानकारी होती है तो वह बहुत व्यथित होते हैं। श्रीराम को वापस लाने के लिए अयोध्यावासियों के साथ चित्रकूट की ओर प्रस्थान किया। जब वह चित्रकूट पहुंचते हैं और...
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