मुरादाबाद, जनवरी 3 -- मुरादाबाद। शिव मंदिर, गायत्री नगर लाइनपार में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के विश्राम दिवस पर शनिवार को आचार्य धीरशान्त 'अर्द्धमौनी' ने कहा कि भगवान का दूसरा रूप श्रीमद्भागवत कथा ही है। उन्होंने बताया कि संसार में जन्मा प्रत्येक जीव देवताओं, प्रकृति, महर्षियों, परिवार व समाज का ऋणी होता है, लेकिन जो कृष्ण भावनाभावित सेवा में लग जाता है वह सभी ऋणों से मुक्त हो जाता है। आयोजन में ममता सैनी, ध्यान सिंह सैनी, किरण सिंह, प्रीति सिंह, मनोज सैनी, दीपक सैनी सहित अनेक श्रद्धालुओं ने सहयोग किया।
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