गोपालगंज, जनवरी 23 -- कटेया, एक संवाददाता। श्रीमद्भागवत कथा मानव जीवन को धर्म, भक्ति एवं सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। यह ग्रंथ जीवन जीने की कला सीखाती है। इसके श्रवण करने या अध्ययन करने मात्र से ही मनुष्य मोक्ष को प्राप्त कर लेता है। यह बातें मिश्रौली में आयोजित सहस्र चण्डी महायज्ञ में अनुराग कृष्ण महाराज ने शुक्रवार को कथा सुनाते कही। कार्यक्रम के पांचवे दिन महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीला, माखन चोरी ,गोवर्धन लीला, ब्रजवासियों पर प्रभु की कृपा और भक्त व भगवान के मधुर संबंधों का अत्यंत सरल एवं भावनात्मक वर्णन कर रहे थे। उन्होंने कहा कि भक्त का बहुत महत्व होता है। भक्त अपनी भक्ति से भगवान को मजबूर कर देता है। यदि सच्चे मन से ईश्वर की अराधना की जाए तो वे आने में विलंब नहीं करते। कथा में उन्होंने बालकृष्ण की लीलाओं का बख...