दुमका, मार्च 20 -- सरैयाहाट, प्रतिनिधि। सरैयाहाट-चरकापाथर स्थित बैष्णवी नवदुर्गा मंदिर परिसर में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के चौथे दिन कथा वाचिका वृन्दावन धाम की राधा किशोरी ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा जिसके श्रवण से जनम जनम की व्यथा मिट जाती है। भगवान की कथा आपको केवल भगवत प्राप्ति नहीं कराती अपितु आनंद की अनुभूति कराती है। जो वस्तु कहीं प्राप्त नहीं कर कर पाते हैं वो हमें भगवान की कथा से मिलता है। उन्होंने कहा कि शांति, सद्बुद्धि व भक्ति यह चाह कर भी हम पा नहीं सकते इसलिए हमलोगों को हमेशा भगवत चिंतन करना चाहिए। भगवत चिंतन का सर्वोपरि साधन भगवान की कथा व भगवान का नाम है। कहा कि संत कहते है जीव को जब जब भगवान की कथा सुनने का अवसर मिले सुनते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कहीं जाइये सब कुछ छोड़कर भगवन से सिर्फ भक्ति मांगिए। धन...