उरई, मार्च 21 -- जालौन, संवाददाता। क्षेत्रीय ग्राम उदोतपुरा में सार्वजनिक स्थान पर आयोजित साप्ताहिक श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन भागवताचार्य अखिलेश पाठक ने गोवर्धन पूजा का वर्णन किया। भागवत कथा आयोजन के छठा दिन भागवताचार्य अखिलेश पाठक ने बताया कि भगवान कृष्ण अपनी सखाओं और गोप-ग्वालों के साथ गोवर्धन पर्वत पर गए थे। वहां पर गोपिकाएं 56 प्रकार का भोजन रखकर नाच गाने के साथ उत्सव मना रही थीं।कृष्ण के पूछने पर उन्होंने बताया कि आज के ही दिन देवों के स्वामी इंद्र का पूजन होता है। इसे इंद्रोज यज्ञ कहते हैं। इससे प्रसन्न होकर इंद्र व्रज में वर्षा करते हैं, जिससे प्रचुर अन्न पैदा होता है। भगवान कृष्ण ने कहा कि इंद्र में क्या शक्ति है। उनसे अधिक शक्तिशाली तो हमारा गोवर्धन पर्वत है। इसके कारण ही वर्षा होती है, इसलिए हमें इंद्र से बलवान गोवर्धन की पूजा...