श्रीकृष्ण जन्माष्टमी:: अष्टमी-रोहिणी के संयोग में जन्मेंगे नंदलाल
बरेली, सितम्बर 4 -- बरेली, संवाददाता। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी इस बार विशेष ज्योतिषीय संयोग लेकर आ रही है। शुक्रवार को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि के साथ रोहिणी नक्षत्र का संयोग बनेगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान श्रीकृष्ण का जन्म भी अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र में हुआ था। इस कारण इस संयोग को बेहद शुभ माना जा रहा है। ज्योतिषाचार्य आचार्य मुकेश मिश्रा के अनुसार अष्टमी तिथि चार सितंबर की मध्यरात्रि 2:24 बजे से शुरू होकर पांच सितंबर की मध्यरात्रि 12:14 बजे तक रहेगी, जबकि रोहिणी नक्षत्र 4 सितंबर की रात 11:13 बजे तक रहेगा। अष्टमी और रोहिणी के संयोग को जयंती योग कहा जाता है। इसके साथ ही 4 सितंबर को सूर्य और बुध के सिंह राशि में एक साथ रहने से बुधादित्य योग भी बनेगा। ज्योतिष में इसे बुद्धि, मान-सम्मान और समृद्धि से जोड़कर देखा जाता है। ध...
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