भागलपुर, सितम्बर 25 -- सुल्तानगंज। निज संवाददाता श्रम संधान विभाग के श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी अभिनव आलोक ने बताया है कि कैफे संचालक द्वारा भ्रम फैलाकर श्रमिक को तीन हजार रुपये प्रति माह मिलने की बात कही जा रही है, जो गलत है। उन्होंने बताया कि बीएलई के द्वारा गलत लोगों के बीच प्रचार प्रसार किया किया जा रहा है। कहा जा रहा है कि ई श्रम कार्ड अपडेट कराने के बाद भारत सरकार द्वारा तीन हजार प्रतिमाह मिलेगा, जो सरासर गलत है। उन्होंने श्रमिकों से अनुरोध किया है कि साइबर कैफे चलाने वाले के झांसा में न आएं।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.