पूर्णिया, जून 3 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। जिला टीबी विभाग के विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. दिनेश कुमार बताते हैं कि फेफड़े में किसी तरह का डस्ट जाने से सिलिकोसिस बीमारी हो जाती है। यह फेफड़ों की एक गंभीर बीमारी है। यह बीमारी सांस के जरिए सिलिका के महीन धूल कणों को फेफड़ों के अंदर जाने से होती है। इससे फेफड़ों में इम्पलाईमेशन होता है। इससे लोकल इम्युनिटी कमजोर हो जाता है। ऐसे में टीबी भी हो सकती है। इस परेशानी में लोगों के इम्युनिटी के उपर निर्भर करता है। किसी की इम्युनिटी मजबूत होगा तो देर से परेशानी सामने आयेगी। किसी का कमजोर होगा तो तुरंत परेशान दिखने लगेगा। यह भी पढ़ें- बेबसी : जिंदगी के लिए निकले मौत लेकर लौटे : सिलिकोसिस फेफड़ों की एक लाइलाज और गंभीर व्यावसायिक बीमारी है। यह मुख्य रूप से खदानों, निर्माण स्थलों और पत्थर की घिसाई (क्...