मुजफ्फर नगर, अगस्त 14 -- मोरना पौराणिक तीर्थ नगरी शुकतीर्थ स्थित गुरुकुल संस्कृत महाविद्यालय में नवीन प्रविष्ट ब्रह्मचारियों का यज्ञोपवीत वेदारंभ संस्कार वेद मंत्रों के साथ धूमधाम से संपन्न हुआ। जिसमें 35 ब्रह्मचारियों ने अभिभावकों व संतों से भिक्षा का दान भी लिया। इसके बाद भंडारे का भी आयोजन किया।समारोह में गुरुकुल आश्रम के अध्यक्ष आचार्य इंद्रपाल ने कहा कि गुरुकुल में प्राचीन काल से ही शिक्षा ग्रहण करने के लिए नवीन ब्रह्मचारियों का उपनयन संस्कार किया जाता है। सोलह संस्कारों में उपनयन संस्कार सबसे महत्व पूर्ण संस्कार है। उन्होंने नवीन ब्रह्मचारियों को फल, वस्त्र व दीक्षा देकर आर्शीवाद दिया। स्वामी विश्ववानंद महाराज ने कहा कि गुरूकुल में बच्चों को संस्कारित शिक्षा दी जाती हैं। बच्चों को पढ़ाई के साथ साथ खेलकूद कार्यक्रमों में भी बढ़चढ़कर हिस...