बरेली, जून 24 -- बरेली, वरिष्ठ संवाददाता। इस वर्ष निर्जला एकादशी व्रत गुरुवार 26 जून को विशेष औदायिक योग में मनाया जाएगा। इस दिन जल से स्नान और आचमन के अतिरिक्त कुछ भी ग्रहण नहीं किया जाता है। ज्योतिषाचार्य पंडित पुरुषोत्तम पांडेय का कहना है कि एकादशी व्रत का मुख्य उद्देश्य मन और इंद्रियों पर नियंत्रण प्राप्त करना है। इससे आध्यात्मिक क्षेत्र में प्रगति होती है। निर्जला एकादशी के दिन बिना जल पीये उपवास रखने का विधान हैं। यदि व्रत नहीं रख सकते हैं तो दूध या दूध से बने उत्पादों का ही सेवन करें। बताया कि 25 जून को सूर्योदय 05:13 बजे और शुद्ध ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी का मान संपूर्ण दिन रात को 09:14 बजे तक रहेगा। यह भी पढ़ें- निर्जला एकादशी कल: यहां जान लें साल की सबसे बड़ी एकादशी से जुड़ी 10 जरूरी बातें यह भी पढ़ें- Nirjala Ekadashi: जानें व्रत मे...