हापुड़, फरवरी 18 -- सिंभावली। क्षेत्र के गांव बक्सर स्थित सरस्वती शिशु सदन में चल रही शिव महापुराण कथा के तीसरे दिन भक्तों की उपस्थिति और श्रद्धा का अनुपम संगम देखने को मिला। समाजसेवी लोकमणि शर्मा के सौजन्य से आयोजित इस कथा में प्रतिदिन सैकड़ों श्रद्धालु भाग ले रहे हैं। कथावाचक पंडित रोहित शास्त्री जी महाराज ने माता पार्वती की कठोर तपस्या और भगवान शिव से विवाह के दिव्य प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने बताया कि भगवान शिव को प्राप्त करने हेतु माता पार्वती ने घोर तपस्या की। यह इस बात का प्रतीक है कि ईश्वर को पाने के लिए मनुष्य को समर्पण, साधना और संयम का मार्ग अपनाना होता है। कथा के दौरान महाराज ने प्रकृति और परमात्मा के संबंध को स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि माता भवानी ने भगवान शिव से कहा कि कर्म की शक्ति ही प्रकृति कहलाती है। इसी स...