गोरखपुर, जुलाई 3 -- चौरीचौरा, हिन्दुस्तान संवाद। लोक शिक्षा केंद्रों पर पूर्व में कार्यरत शिक्षा प्रेरकों के बकाया मानदेय के भुगतान एवं सेवा बहाली की मांग को लेकर शिक्षा प्रेरक संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश के पदाधिकारियों ने राज्यसभा सांसद संगीता यादव को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में सरकार से शिक्षा प्रेरकों की समस्याओं का शीघ्र समाधान कराने की मांग की गई। बताया गया कि उत्तर प्रदेश में साक्षर भारत मिशन के अंतर्गत वर्ष 2009 से प्रत्येक ग्राम सभा में एक महिला और एक पुरुष शिक्षा प्रेरक की नियुक्ति की गई थी। शिक्षा प्रेरकों ने 15 वर्ष से अधिक आयु के निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने के साथ-साथ बीएलओ कार्य, रैपिड सर्वे, पल्स पोलियो अभियान तथा सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शिक्षा प्रेरकों का कहना है...