शिक्षक विद्यार्थियों में जगाते हैं श्रेष्ठ जीवन की चेतना: डॉ. प्रणव पंड्या
हरिद्वार, सितम्बर 5 -- शिक्षक विद्यार्थियों को केवल विषय का ज्ञान नहीं देते बल्कि उनके व्यक्तित्व और चरित्र को गढ़ने के साथ ही उनमें श्रेष्ठ जीवन जीने की चेतना भी जगाते हैं। शिक्षा का उद्देश्य बुद्धि के विकास के साथ श्रेष्ठ विचार, श्रेष्ठ चरित्र और श्रेष्ठ कर्मों का निर्माण करना है। यह बात देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डॉ. प्रणव पंड्या ने शिक्षक दिवस के अवसर पर कही। देवसंस्कृति विश्वविद्यालय में शनिवार को भारत रत्न एवं पूर्व राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती शिक्षक दिवस के रूप में गरिमामय वातावरण में मनाई गई। इस दौरान डॉ. राधाकृष्णन के व्यक्तित्व और कृतित्व का स्मरण करते हुए शिक्षा को जीवन निर्माण का माध्यम बनाने पर जोर दिया गया। यह भी पढ़ें- Chaibasa News: डीएवी पब्लिक स्कूल गुवा में शिक्षक दिवस समारोह आयोजित डॉ. प्रणव ...
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