लखनऊ, अप्रैल 3 -- उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने प्रदेश के शैक्षणिक ढांचे को मजबूत करने वाले शिक्षकों के हित में एक बड़ा फैसला लिया है। प्रदेश के विश्वविद्यालयों, अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) डिग्री कॉलेजों और स्ववित्तपोषित (सेल्फ-फाइनेंस) महाविद्यालयों में कार्यरत लगभग 1.37 लाख शिक्षकों को अब 'कैशलेस उपचार' की सुविधा मिलेगी। उच्च शिक्षा विभाग की ओर से गुरुवार को इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी कर दिया गया है, जिससे शिक्षकों में खुशी की लहर दौड़ गई है। अब शिक्षक और उनके परिवार के सदस्य एक साल में पांच लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज करा सकेंगे।नियमित और सेल्फ-फाइनेंस शिक्षकों को समान लाभ विशेष सचिव (उच्च शिक्षा) गिरिजेश त्यागी द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इस योजना का दायरा काफी विस्तृत रखा गया है। इसमें राज्य विश्वविद्यालयों और एडेड डिग...