नई दिल्ली, दिसम्बर 28 -- दिल्ली की एक अदालत ने रेप और आपराधिक धमकी के एक मामले में आरोपी को बरी कर दिया। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि शिकायतकर्ता की गवाही में कई गंभीर विरोधाभास और अस्पष्टताएं हैं। इस आधार पर दोषसिद्धि संभव नहीं है। तीस हजारी कोर्ट ने दुष्कर्म और आपराधिक धमकी के एक मामले में आरोपी मंजीत खरब को सभी आरोपों से बरी कर दिया है। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपों को ठोस और विश्वसनीय साक्ष्यों से साबित करने में असफल रहा है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विशाल पाहुजा की अदालत ने अपने फैसले में कहा कि शिकायतकर्ता की गवाही में कई गंभीर विरोधाभास और अस्पष्टताएं हैं, जिनके आधार पर दोषसिद्धि संभव नहीं है।फेसबुक के जरिए दोस्ती वर्ष 2020 में शिकायत के आधार पर मामले में पश्चिम विहार वेस्ट थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। शिकायतकर्ता ने दाव...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.