शादीशुदा डायरेक्टर से हुआ प्यार, 'घर तोड़ने' का दाग न लगे इसलिए नहीं किया इजहार, ताउम्र रहीं कुंवारी
नई दिल्ली, जून 16 -- हिंदी सिनेमा के इतिहास में एक अभिनेत्री ऐसी भी रहीं, जिन्होंने शादीशुदा मर्द से प्यार तो किया, लेकिन प्यार की खातिर दूसरी औरत का घर नहीं उजाड़ा। उन्होंने अपने प्यार की गरिमा बनाए रखी और ताउम्र शादी नहीं की। जी हां, हम बात कर रहे हैं 60 और 70 के दशक की उस सदाबहार अदाकारा आशा पारेख की, जिन्होंने अपनी खूबसूरती और बेहतरीन अभिनय से करोड़ों दिलों पर राज किया।इस तरह हुआ प्यार हम बात कर रहे हैं बॉलीवुड की 'जुबली गर्ल' आशा पारेख की। ये किस्सा शुरू होता है साल 1959 से, जब मशहूर फिल्म निर्माता और निर्देशक नासिर हुसैन ने आशा पारेख को फिल्म 'दिल देके देखो' से बॉलीवुड में एक बड़ा ब्रेक दिया। फिल्म सुपरहिट रही और इसके बाद दोनों ने एक साथ कई शानदार फिल्में कीं। काम करते-करते आशा पारेख कब नासिर हुसैन को अपना दिल दे बैठीं, उन्हें खुद भ...
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