फतेहपुर, जनवरी 31 -- शहर में बीते दिनों हुई बड़ी चोरियों के खुलासों में पुलिस टीमें हांफ गई हैं। छुटभैया चोरों को पकड़ कर पुलिस भले ही क्राइम कंट्रोल के प्रयास में हो, लेकिन शातिर चोर, लुटेरे पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पा रहे हैं। बड़े अपराधों पर नकेल कसने के लिये बनाई गई एसओजी और इंटेलीजेंस विंग भी फुस्स साबित हो रही हैं। इन टीमों की कार्यशैली पर भी अब प्रश्नचिंह लगने शुरु हो गए हैं। आम चर्चा है कि अब स्पेशल टीमों के पास शातिरों तक पहुंचने के लिये न तो कोई खुद का नेटवर्क है और न ही मुखबिर तंत्र नतीजन अब शातिरों तक पहुंचाने का जिम्मा सिर्फ सर्विंलास सेल के पास रह गया है। एक जनवरी की भोर पहर शहर के मसवानी मोहल्ले में एक सूने घर में ताला तोड़ कर हुई तीस लाख की चोरी के मामले में अब तक पुलिस खुलासे तक नहीं पहुंच पाई है। शातिरों को पकड़ने के लिये...
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